मिल्कीपुर (अयोध्या) | विशेष ग्राउंड रिपोर्ट (NewsHour)
रोजगार की तलाश में सऊदी अरब गए अयोध्या जनपद की मिल्कीपुर विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत रसूलपुर लिलहा गांव निवासी बृजेश कुमार का पार्थिव शरीर बुधवार को उनके पैतृक गांव पहुंचा। मिल्कीपुर के विधायक चंद्रभानु पासवान के त्वरित हस्तक्षेप और विदेश मंत्रालय के स्तर पर किए गए विशेष प्रयासों के बाद ही मृतक का शव वतन वापस लाया जा सका।
जैसे ही एम्बुलेंस पार्थिव शरीर लेकर गांव पहुंची, मृतक के घर में कोहराम मच गया। मां सावित्री देवी और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था, वहीं अंतिम दर्शन के लिए पूरे गांव और आसपास के अंचल की भारी भीड़ उमड़ पड़ी।
रोजगार के लिए रियाद गया था बृजेश, 22 जुलाई को हुई थी दर्दनाक मौत
न्यूज़ पोर्टल NewsHour को मिली जानकारी के अनुसार, रसूलपुर लिलहा निवासी बृजेश कुमार अपने परिवार की आर्थिक स्थिति को सुधारने के लिए बीते 3 अप्रैल 2025 को सऊदी अरब गया था। वह रियाद एयरपोर्ट पर उतरने के बाद अल-गरा महदिया क्षेत्र में एक कंपनी में कार्यरत था।
- घटनाक्रम: बीते 22 जुलाई 2026 की रात संदिग्ध परिस्थितियों में बृजेश की असमय मौत हो गई थी।
- शव लाने में बनी थी अड़चन: परिजनों की दयनीय आर्थिक स्थिति और जटिल अंतर्राष्ट्रीय कागजी प्रक्रियाओं (International Embassy Clearances) के कारण शव को सऊदी अरब से भारत ला पाना बेहद कठिन साबित हो रहा था।
विदेश मंत्रालय से लेकर दूतावास तक विधायक ने की मजबूत पैरवी
बेटे की मौत के बाद असहाय परिजन क्षेत्रीय विधायक चंद्रभानु पासवान की शरण में पहुंचे। विधायक ने मामले को अत्यंत संवेदनशीलता से लेते हुए तत्काल भारतीय विदेश मंत्रालय, रियाद स्थित भारतीय दूतावास और संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों से संपर्क साधा।
विधायक चंद्रभानु पासवान के लगातार फॉलो-अप और प्रयासों का नतीजा रहा कि सभी कानूनी औपचारिकताएं पूरी कर बुधवार, 12 अगस्त 2026 को बृजेश का पार्थिव शरीर दिल्ली एयरपोर्ट से होते हुए सीधे उसके पैतृक गांव रसूलपुर लिलहा पहुंचाया गया।
सऊदी अरब से पार्थिव शरीर वापसी का मुख्य तथ्यात्मक ब्योरा:
| मुख्य मापदंड | घटना एवं राहत प्रयास का आधिकारिक विवरण |
| मृतक युवक का नाम | बृजेश कुमार (निवासी: रसूलपुर लिलहा, मिल्कीपुर) |
| विदेश यात्रा की तिथि | 03 अप्रैल 2025 (सऊदी अरब, रियाद/अल-गरा) |
| मृत्यु की तिथि | 22 जुलाई 2026 (सऊदी अरब में) |
| विशेष सहयोगी / नेतृत्व | चंद्रभानु पासवान (विधायक, मिल्कीपुर विधानसभा) |
| पार्थिव शरीर आगमन तिथि | बुधवार, 12 अगस्त 2026 |
| पारिवारिक प्रतिक्रिया | विधायक की पहल पर जताया आभार, गांव में गमगीन माहौल |
“विधायक जी के प्रयासों से बेटे का पैतृक गांव में हो सका अंतिम संस्कार” — परिजन
शव पहुंचने पर रोते-बिलखते परिजनों और ग्रामीणों ने विधायक चंद्रभानु पासवान का हृदय से आभार प्रकट किया। परिजनों ने कहा कि यदि विधायक जी समय पर विदेश मंत्रालय और भारतीय दूतावास में व्यक्तिगत रूप से पैरवी न करते, तो आर्थिक तंगी के कारण वे अपने बेटे का मुंह भी नहीं देख पाते। उनके इस मानवीय कदम से ही बेटे का अंतिम संस्कार उसकी अपनी मिट्टी और पैतृक गांव में संभव हो सका।

