लखनऊ |
उत्तर प्रदेश में ‘सेवा और सुशासन’ के 9 वर्ष पूर्ण होने के ऐतिहासिक अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार, 18 मार्च 2026 को लखनऊ स्थित लोक भवन में आयोजित एक गरिमामय कार्यक्रम में “नवनिर्माण के 9 वर्ष” नामक विशेष पुस्तक का विमोचन किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने प्रदेश की बदलती तस्वीर का पूरा खाका पेश किया और बताया कि कैसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन और ‘डबल इंजन’ सरकार की नीतियों ने उत्तर प्रदेश को ‘पहचान के संकट’ से उबारकर ‘विकास के मॉडल’ के रूप में स्थापित किया है। मुख्यमंत्री ने इन 9 वर्षों की सफलता का श्रेय पार्टी कार्यकर्ताओं के परिश्रम, जनप्रतिनिधियों की सेवा भावना और 25 करोड़ जनता के सहयोग को दिया।
2017 से पहले का यूपी बनाम आज का उत्तर प्रदेश: मुख्यमंत्री ने दिखाई हकीकत
समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि 2017 से पहले उत्तर प्रदेश असीम संभावनाओं के बावजूद पिछड़ा हुआ था।
- पहचान का संकट: युवा अपनी पहचान छुपाने को मजबूर थे और भर्ती प्रक्रियाओं में भ्रष्टाचार का बोलबाला था।
- असुरक्षा का माहौल: बेटियां, व्यापारी और आम नागरिक दंगों और कर्फ्यू के साये में जीने को मजबूर थे।
- किसानों की दुर्दशा: प्रचुर संसाधनों के बाद भी किसान आत्महत्या कर रहा था और कारीगर पलायन कर रहे थे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज तस्वीर पूरी तरह बदल चुकी है। पिछले 9 वर्षों में मंत्रिपरिषद के सक्रिय सहयोग और Cabinet द्वारा लिए गए क्रांतिकारी निर्णयों से यूपी आज निवेश, इंफ्रास्ट्रक्चर और सुरक्षा के मामले में देश का नेतृत्व कर रहा है।
सुरक्षा और कानून-व्यवस्था: अब दंगे नहीं, त्योहारों पर है खुशियों का माहौल
मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से प्रदेश की बदली हुई कानून-व्यवस्था का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि आज उत्तर प्रदेश में न कोई भय है, न तनाव और न ही दंगों का खतरा।
- शांतिपूर्ण त्योहार: अब नवरात्रि और रमजान जैसे पर्व एक साथ पूरी शालीनता और सौहार्द के साथ मनाए जा रहे हैं। नमाज और धार्मिक आयोजनों में अब कोई हलचल या अव्यवस्था नहीं होती।
- पुलिस सुधार: पिछले 9 वर्षों में 2.19 लाख से अधिक पुलिसकर्मियों की भर्ती की गई है। पहली बार पीएसी में तीन महिला बटालियनों (वीरांगना ऊदा देवी पासी, झलकारी बाई और अवंती बाई लोधी) का गठन किया गया है।
- आधुनिक पुलिसिंग: 7 जनपदों में कमिश्नरेट सिस्टम लागू किया गया है और हर जिले में साइबर थाने स्थापित किए गए हैं।
9 वर्षों की बड़ी उपलब्धियां एक नज़र में:
| क्षेत्र (Sector) | उपलब्धि (Achievements) |
| सरकारी नौकरियां | कुल 9 लाख से अधिक नियुक्तियां (पारदर्शी प्रक्रिया)। |
| पुलिस भर्ती | 2.19 लाख भर्ती; 60,244 जवानों की ट्रेनिंग यूपी में ही जारी। |
| महिला सशक्तिकरण | पुलिस भर्तियों में अनिवार्य 20% महिला आरक्षण। |
| बजट | आगामी वित्तीय वर्ष के लिए ₹9.12 लाख करोड़ का विशाल बजट। |
9 दिवसीय संवाद कार्यक्रम: बसंत नवरात्रि से जन-जन तक पहुँचेगी विकास गाथा
मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि इन उपलब्धियों को साझा करने के लिए बसंत नवरात्रि से 9 विषयों पर आधारित 9 दिवसीय कार्यक्रम शुरू किया जा रहा है। इसका उद्देश्य विकास को जन-चर्चा का विषय बनाना है। मुख्यमंत्री ने बताया कि Cabinet ने विकास के जो मानक तय किए हैं, उन्हें अब ब्लॉक और पंचायत स्तर तक संवाद के जरिए पहुँचाया जाएगा। उन्होंने ‘9’ को एक शुभ और पूर्णता का अंक बताते हुए कहा कि यह यात्रा उत्तर प्रदेश को $1 ट्रिलियन इकोनॉमी बनाने की दिशा में एक सशक्त कदम है।
मुख्यमंत्री ने गर्व से कहा कि आज प्रदेश की ट्रेनिंग क्षमता इतनी बढ़ गई है कि 60,244 पुलिसकर्मियों का प्रशिक्षण अब राज्य के भीतर ही हो रहा है। ये सभी जवान नवरात्रि के बाद फील्ड में उतरकर सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ करेंगे। मंत्रिपरिषद के सदस्यों ने भी मुख्यमंत्री के नेतृत्व में यूपी को ‘ग्रोथ इंजन’ बनाने के संकल्प को दोहराया।
“9 वर्षों में हमने यूपी की पहचान बदली है। आज उत्तर प्रदेश दंगा मुक्त, भय मुक्त और निवेश युक्त प्रदेश है। यह 25 करोड़ जनता की सामूहिक शक्ति का परिणाम है।” — मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
निष्कर्ष: सतत समृद्धि और उज्ज्वल भविष्य का शंखनाद (Uttar Pradesh News)
अंततः, ‘नवनिर्माण के 9 वर्ष’ पुस्तक का विमोचन केवल एक रिपोर्ट कार्ड नहीं, बल्कि उत्तर प्रदेश के सुनहरे भविष्य का रोडमैप है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने यह स्पष्ट कर दिया है कि सुरक्षा और सुशासन ही विकास की पहली शर्त है। ₹9.12 लाख करोड़ का आगामी बजट और 9 लाख नौकरियां इस बात का प्रमाण हैं कि यूपी अब रुकने वाला नहीं है। Uttar Pradesh News के इस ऐतिहासिक पड़ाव पर यह स्पष्ट है कि ‘डबल इंजन’ की सरकार ने प्रदेश को विकास की उस ऊँचाई पर पहुँचा दिया है, जहाँ से ‘विकसित उत्तर प्रदेश’ का सपना अब हकीकत बन चुका है।








