मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सिंगापुर दौरे ने अब आर्थिक और वित्तीय मोर्चे पर अपनी पकड़ मजबूत कर ली है। निवेश के समझौतों के बीच, मुख्यमंत्री ने सिंगापुर के सबसे बड़े बैंक, डीबीएस (DBS Bank) की मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) टैन सू शान (Tan Su Shan) और उनकी कोर टीम के साथ एक उच्च स्तरीय बैठक की। इस बैठक का उद्देश्य उत्तर प्रदेश के बड़े प्रोजेक्ट्स के लिए वैश्विक वित्तीय सहायता और बैंकिंग तकनीकी सहयोग प्राप्त करना है।
बैठक का मुख्य एजेंडा: यूपी बनेगा निवेश का केंद्र
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और टैन सू शान के बीच हुई इस वार्ता में उत्तर प्रदेश की 1 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने के लक्ष्य पर विस्तार से चर्चा हुई। बैठक के प्रमुख बिंदु निम्नलिखित रहे:
- इंफ्रास्ट्रक्चर फंडिंग: उत्तर प्रदेश में बन रहे एक्सप्रेसवे, एयरपोर्ट्स और इंडस्ट्रियल कॉरिडोर्स के लिए अंतरराष्ट्रीय फंडिंग की संभावनाओं पर मंथन।
- एमएसएमई (MSME) को सपोर्ट: प्रदेश के सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योगों को वैश्विक बाजारों से जोड़ने और उन्हें आसान वित्तीय सहायता प्रदान करने में बैंक की भूमिका।
- फिनटेक हब (Fintech Hub): नोएडा और ग्रेटर नोएडा को फिनटेक हब के रूप में विकसित करने के लिए डीबीएस बैंक की तकनीकी विशेषज्ञता का लाभ उठाना।
डीबीएस बैंक की सीईओ ने की ‘यूपी मॉडल’ की तारीफ
डीबीएस बैंक की सीईओ टैन सू शान ने मुख्यमंत्री के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश में हुए व्यापक बदलावों की सराहना की। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में जिस तरह से ‘ईज ऑफ डूइंग बिजनेस’ (Ease of Doing Business) को बढ़ावा मिला है, वह अंतरराष्ट्रीय बैंकिंग समुदाय के लिए एक सकारात्मक संकेत है। बैंक की टीम ने यूपी के निवेश अनुकूल वातावरण को भविष्य के लिए काफी संभावनाओं वाला बताया।
बैंकिंग सेक्टर में नई संभावनाओं का उदय
मुख्यमंत्री ने डीबीएस बैंक को उत्तर प्रदेश में अपनी शाखाओं और परिचालन (Operations) का विस्तार करने का निमंत्रण दिया। उन्होंने कहा कि “उत्तर प्रदेश आज न केवल भारत बल्कि दुनिया के सबसे बड़े उपभोक्ता बाजारों में से एक है। यहाँ की वित्तीय शक्ति को मजबूती देने के लिए डीबीएस जैसे संस्थानों का सहयोग मील का पत्थर साबित होगा।”









